सेवा का विवरण
Zoho में आम तौर पर भुगतान पेड प्लान/सब्सक्रिप्शन, यूज़र/सीट लाइसेंस, और अलग-अलग ऐप्स (जैसे Zoho CRM, Zoho Mail, Zoho Books, Zoho Projects, Zoho Desk या Zoho One) के मासिक/वार्षिक रिन्यूअल के लिए किया जाता है। कई टीमों में एक साथ कई Zoho प्रोडक्ट चलने पर बिलिंग को ट्रैक करना और सही कॉस्ट सेंटर में डालना चुनौती बन जाता है।
Pay2.House के वर्चुअल पेमेंट कार्ड Zoho की ऑनलाइन बिलिंग के लिए एक सुविधाजनक विकल्प हो सकते हैं। आप Zoho के सब्सक्रिप्शन/लाइसेंस भुगतान के लिए एक समर्पित वर्चुअल कार्ड इस्तेमाल कर सकते हैं, ताकि सॉफ्टवेयर खर्च बाकी ऑनलाइन खर्चों से अलग रहे। इससे अकाउंटिंग और रीकन्सिलिएशन आसान होता है, खासकर जब एक ही कंपनी में कई टूल्स और वेंडर्स को भुगतान किया जाता हो।
Zoho को अलग-अलग टीमों या प्रोजेक्ट्स में इस्तेमाल करने पर अलग कार्ड रखने का फायदा मिलता है। उदाहरण के लिए, सेल्स टीम के Zoho CRM लाइसेंस के लिए एक कार्ड, फाइनेंस टीम के Zoho Books/इनवॉइसिंग के लिए दूसरा, और सपोर्ट टीम के Zoho Desk के लिए तीसरा कार्ड रखा जा सकता है। इससे यह स्पष्ट रहता है कि किस विभाग का Zoho खर्च कितना है और बजट कंट्रोल करना सरल होता है।
यदि आप एजेंसी हैं या कई क्लाइंट्स के लिए Zoho सेटअप/मैनेज करते हैं, तो हर क्लाइंट के Zoho रिन्यूअल को अलग वर्चुअल कार्ड से भुगतान करना खर्चों को क्लाइंट-वाइज़ अलग रखने में मदद करता है। इसी तरह, ट्रायल से पेड प्लान पर शिफ्ट करते समय आप नया कार्ड जोड़कर भुगतान स्रोत बदल सकते हैं, बिना मुख्य कॉर्पोरेट कार्ड को कई जगह शेयर किए।
Pay2.House के जरिए कई वर्चुअल कार्ड एक ही अकाउंट से मैनेज किए जा सकते हैं, जिससे Zoho जैसी SaaS सब्सक्रिप्शंस के लिए भुगतान व्यवस्था अधिक व्यवस्थित बनती है। भुगतान करने से पहले Zoho के बिलिंग पेज पर कार्ड डिटेल्स जोड़ते समय अपने अकाउंट की आवश्यकताओं (जैसे बिलिंग देश/कर जानकारी) को Zoho की सेटिंग्स के अनुसार सही भरना उपयोगी रहता है।